रियो डी जनेरियो, 15 अगस्त (आईएएनएस)| भारतीय पुरुष हॉकी टीम के मुख्य कोच रोलेंट ओल्टमैंस ने कहा कि बेल्जियम ने उनकी टीम के खिलाफ खेला गया मुकाबला अधिक गुणवत्ता और अनुभव के साथ खेला और वह सेमीफाइनल में जाने के योग्य हैं।

रियो ओलम्पिक के नौवें दिन रविवार को हुए क्वार्टर फाइनल मैच में भारतीय टीम को बेल्जियम से 1-3 से हार का सामना करना पड़ा और इसके साथ ही उनका ओलम्पिक में सफर खत्म हो गया।

यह भी पढ़े: रियो ओलम्पिक (वॉल्ट) : किस्मत ने नहीं दिया साथ, पदक से चूकीं दीपा

भारत ने पिछली बार 1980 मॉस्को ओलम्पिक में स्वर्ण पदक जीता था।

भारत के लिए 15वें मिनट में आकाशदीप सिंह ने पहला गोल किया। यह एक फील्ड गोल था। आकाशदीप सिंह का डी के बाहर से दूर से लगाया गया तेज शॉट बेल्जियम के गोलकीपर के पैर से तो टकराया, लेकिन वह गेंद को गोलपोस्ट में जाने से रोक नहीं पाए।

भारतीय टीम ने पहले हाफ का समापन 1-0 की बढ़त के साथ किया।

लेकिन दूसरे हाफ में सेबास्टियन डॉकियर ने लगातार दो गोल कर बेल्जियम को 2-1 से बढ़त दिला दी। पहला गोल 34वें और दूसरा गोल 45वें मिनट में हुआ।

यह भी पढ़े: भारतीय खिलाड़ियों के रियो में ओलम्पिक न जीतने पर विराट कोहली का बड़ा बयान

चौथे क्वार्टर में मैच के 50वें मिनट में टॉम बून ने बेल्जियम को तीसरा निर्णायक गोल दिला दिया। बेल्जियम ने तीनों ही गोल फील्ड गोल के जरिए किए।

ओल्टमैंस ने यहां संवाददाताओं को कहा, “बेल्जियम की ऊर्जा का स्तर काफी ऊंचा था। हम वह गुणवत्ता हासिल नहीं कर पाए, जो लंदन में हुए चैम्पियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट में थी। खिलाड़ियों पर काफी दबाव और तनाव था और प्रतिद्वंद्वी टीम ने पहल की जिसके कारण वे जीते। वे इस जीत को काबिल थे।”

मुख्य कोच ने कहा, “आपको देखना चाहिए कि हमने कहां से शुरुआत की है। हम इस खेल में सबसे युवा टीम थे और कई खिलाड़ियों के लिए यह उनका पहला अनुभव था। आपको इस स्तर पर पहुंचने की जरूरत थी।”

बेल्जियम काफी अनुभवी टीम थी। उसके अधिकतर खिलाड़ियों के पास 100 अंतर्राष्ट्रीय मुकाबलों में खेलने का अनुभव था, जिसके कारण भारत के हाथों से जीत की बाजी छिन गई।

यह भी पढ़े: रियो ओलम्पिक (100 मी.) : ‘महानतम’ बोल्ट की ऐतिहासिक हैट्रिक

मुकाबले के बारे में बात करते हुए ओल्टमैंस ने कहा कि उनकी टीम दूसरे चरण में गोल दागने के अवसरों को बना पाने में नाकाम रही। कप्तान श्रीजेश ने भी इस बात को स्वीकार किया कि टीम में क्वार्टर फाइनल के लायक ऊर्जा की कमी थी।

श्रीजेश ने कहा, “हमें एक टीम के तौर पर अधिक एकता दिखाने की जरूरत थी और पहले गोल के बाद ऊर्जा के स्तर को बढ़ाने की भी। हमें इसमें सुधार करने तथा इन मुकाबलों को करो या मरो के मुकाबलों की नजर से देखने की भी जरूरत थी।”

श्रीजेश का कहना है कि हार का सामना करना काफी निराशाजनक है।

यह भी पढ़े: रियो ओलम्पिक (बैडमिंटन) : श्रीकांत पहुंचे राउंड ऑफ 16 में

  • SHARE

    आईएएनएस एक न्यूज़ मिडिया कम्पनी है, जों दुसरे न्यूज़ मिडिया कों सभी प्रकार की खबरे प्रदान करती है. आईएएनएस खेल, राजनीती और बालीवुड के अलावा अन्य सभी प्रकार की खबरे अपने मिडिया पार्टनर कों प्रदान करता है.

    Related Articles

    आईसीसी टेस्ट लीग में पाकिस्तान से न खेलने के बहाने ढूंढ़ रहा है भारत

    कोलकाता, 19 नवंबर; भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की नौ टीमों की टेस्ट लीग में अपने चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान से न...

    कुमार संगकारा ने किया बड़ा खुलासा, राहुल द्रविड़ सचिन नहीं बल्कि इस खिलाड़ी को...

    कुमार संगकारा को क्रिकेट के महान बल्लेबाजों में से के एक माना जाता हैं. हाल में ही कुमार संगकारा ऑस्ट्रेलिया में एक इंटरव्यू दिया...

    अपने बयान को लेकर आलोचना झेल रहे शाहिद अफरीदी ने दी सफाई…मगर अब दोष...

    पाकिस्तान के बूम बूम अफरीदी नाम से प्रसिद्द शाहिद अफरीदी ने अपने उस बयान को लेकर सफाई पेश की है जिसके कारण बवाल खड़ा...

    भूटिया ने कश्मीर के युवा माजिद को प्रशिक्षण देने की पेशकश की

    नई दिल्ली, 19 नवंबर; भारतीय फुटबाल टीम के पूर्व कप्तान बाइचुंग भूटिया ने जम्मू एवं कश्मीर फुटबाल संघ को पत्र लिखते हुए हाल ही में...

    कोलकाता टेस्ट : श्रीलंका ने पहली पारी में बनाए 294 रन, भारत की शानदार...

    कोलकाता, 19 नवंबर; रंगना हैराथ (67) की अर्धशतकीय पारी के दम पर श्रीलंका क्रिकेट टीम ने ईडन गार्डन्स स्टेडियम में जारी चौथे टेस्ट मैच में...