डे-नाईट टेस्ट अच्छा कदम तब तक, जब तक मैदान पर ओस नहीं आएगी : सचिन

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डे-नाईट टेस्ट बीसीसीआई का अच्छा कदम तब तक, जब तक मैदान पर ओस नहीं आएगी : सचिन तेंदुलकर 

डे-नाईट टेस्ट बीसीसीआई का अच्छा कदम तब तक, जब तक मैदान पर ओस नहीं आएगी : सचिन तेंदुलकर

22 से 26 नवंबर के बीच भारत और बांग्लादेश के बीच होने वाले ईडन गार्डन टेस्ट को बीसीसीआई ने डे-नाईट टेस्ट में परिवर्तित कर दिया है. दरअसल, बीसीसीआई ने बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड को इसका प्रस्ताव भी भेजा था. बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड डे-नाईट टेस्ट खेलने के लिए तैयार हो गया है. अब भारत-बांग्लादेश टेस्ट सीरीज का दूसरा टेस्ट मैच डे-नाईट होगा.

अच्छा कदम तब तक कहा जा सकता जब तक मैदान पर ओस नहीं आएगी

सचिन तेंदुलकर

सचिन तेंदुलकर ने अपने एक बयान में डे नाईट टेस्ट को लेकर कहा, “मुझे लगता है, कि डे-नाईट टेस्ट बीसीसीआई का एक अच्छा कदम है. हालांकि इसे अच्छा तब तक कहा जा सकता है, जब तक मैदान पर ओस नहीं आएगी.

अगर ओस एक कारक बनती है, तो स्पिनरों और तेज गेंदबाजों के लिए यह चुनौतीपूर्ण रहने वाला है, क्योंकि एक बार गेंद गीली हो जाती है, तो ना सीमर्स ज्यादा कुछ कर सकते हैं और न ही स्पिनर.”

डे-नाईट टेस्ट से फायदा, कि लोग शाम को आ सकते

डे-नाईट टेस्ट बीसीसीआई का अच्छा कदम तब तक, जब तक मैदान पर ओस नहीं आएगी : सचिन तेंदुलकर 1

उन्होंने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा, “मुझे लगता है कि ओस कारक यहां पर एक बड़ी भूमिका निभाएगा. हमें यह पता लगाने की ज़रूरत है कि ओस कितनी है. ओस निर्धारित करेगा, दोनों टीम किस हद तक प्रतिस्पर्धा करेगी.

डे-नाइट टेस्ट का लोगो को यह फायदा है, कि लोग शाम को आ सकते हैं और खेल का लुफ्त उठा सकते हैं.”

खिलाड़ियों को गुलाबी गेंद के लिए करनी होगी तैयारी

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खिलाड़ियों को गुलाबी गेंद से खेलने की सलाह देते हुए सचिन ने कहा, “खिलाड़ियों के दृष्टिकोण से, गुलाबी गेंद से खेलना कुछ अलग होगा. गुलाबी गेंद पारंपरिक लाल गेंद से थोड़ा अलग व्यवहार करेगी.

बल्लेबाजों को नेट पर अलग-अलग गेंदों के साथ अभ्यास करना होगा. उन्हें शुरूआती 20 ओवर की नई गुलाबी गेंद, 20 ओवर की गुलाबी गेंद और 50 ओवर की गुलाबी गेंद और 80 ओवर की गुलाबी गेंद के लिहाज से गेंद को पुराना कर अभ्यास करना होगा.

कुछ खिलाड़ी दिलीप ट्रॉफी में गुलाबी गेंद से खेल चुके हैं, इसलिए अन्य खिलाड़ियों को उनके गुलाबी गेंद से खेलने के अनुभव के बारे में भी पूछना होगा और अपनी बेहतर तैयारी करनी होगी.”

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