धोनी

भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व तेज गेंदबाज आशीष नेहरा ने कमेंटेटर आकाश चोपड़ा को एक वीडियो इंटरव्यू दिया. इस दौरान उन्होंने कई मुद्दों पर चर्चा की, साथ ही उन्होंने महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी वाली फ्रैंचाइजी चेन्नई सुपर किंग्स पर भी चर्चा की. जिसमें उन्होंने बताया कि बाकी फ्रैंचाइजियों और चेन्नई सुपर किंग्स में क्या अंतर हैं. नेहरा ने कप्तान धोनी की कप्तानी की भी जमकर तारीफ की.

सीएसके के पास है धोनी जैसा कप्तान

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आईपीएल फ्रैंचाइजी चेन्नई सुपर किंग्स आज तक जितने सीजन भी आईपीएल खेली है, हर सीजन टीम ने प्ले ऑफ तक  का सफर तय किया है. निरंतरता सीएसके की पहचान बन चुकी है. अब आशीष नेहरा ने आकाश चोपड़ा से सीएसके की सफलता के बारे में बात करते हुए कहा,

महेंद्र सिंह धोनी को टीम प्रबंधन के सामने किसी मसले का सामना नहीं करना पड़ा है, जैसे कि दूसरे कप्तानों को करना पड़ता है. सीएसके टीम का माहौल बेहद अच्छा है. यही वजह है कि टीम निरंतर अच्छा परफॉर्म करती है.

उनकी निरंतरता का कारण है इंडिया सीमेंट. वे दक्षिण भारत में लंबे समय से क्रिकेट देख रहे हैं और वे क्रिकेट को समझते हैं. दूसरी बात है कि उन्हें धोनी जैसा कप्तान मिला है.

धोनी को मिलता है टीम मैनेजमेंट का पूरा सपोर्ट

चेन्नई सुपर किंग्स के सदस्य रह चुके आशीष नेहरा ने आगे बताया,

आशीष नेहरा ने खोला सीएसके की कामियाबी राज, बताया क्यों बाकी फ्रेंचाइजी नहीं हैं इतनी सफल 1

सीएसके प्रबंधन धोनी को पूरी तरह सपोर्ट करता है. वहीं दूसरी टीमों और कप्तानों को कई बार मुश्किलों का सामना करना पड़ता है. समस्या यह है कि कुछ फ्रेंचाइजी में प्रबंधन को लगता है कि वे खिलाड़ियों और कोच से भी ज्यादा बेहतर ढंग से खेल को जानते हैं.

धोनी को ऐसी कोई समस्या नहीं झेलनी पड़ती. दूसरी फ्रेंचाइजी की तरह धोनी को किसी तरह की दखलंदाजी नहीं झेलनी पड़ी और 2-3 साल तक सेम टीम रख सकते हैं और इसीलिए परिणाम अनुकूल आते हैं.

सीएसके में मौजूद हैं पुराने ही खिलाड़ी

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फिक्सिंग के चलते सीएसके को बैन कर दिया गया था. मगर बैन के बाद वापसी करते ही सीएके ने 2018 में खिताबी जीत दर्ज की. इसके बाद आईपीएल 2019 में वह फाइनल तक पहुंची, मगर मुंबई इंडियंस के हाथों हार का सामना करना पड़ा. सीएसके में अधिकतर सीनियर व पुराने खिलाड़ी ही मौजूद हैं. इसका उदाहरण देते हुए नेहरा ने कहा,

सीएसके ने आईपीएल के 2008 में शुरू होने के बाद से ही धोनी के अलावा सुरेश रैना को टीम में बनाए रखा. स्टीफन फ्लेमिंग ने पहला संस्करण खेला, उसके बाद से वह टीम के कोच बने हुए हैं.

2016-17 में चेन्नई के निलंबन के बाद धोनी राइजिंग पुणे सुपरजाइंट के साथ गए तो स्टीफन भी वहीं चले गए. चेन्नई ने 2018 की आईपीएल नीलामी में रवींद्र जडेजा, फैफ डुप्लेसी और ड्वेन ब्रावो को भी टीम में बनाए रखा.