एक भारतीय गेंदबाज जिसने पहले 3 मैचों में ही झटके 30 विकेट, लेकिन फिर किया भारत को शर्मिंदा, जाने कौन है ये पुतु चौधरी 1

एक ऐसा गेंदबाज जिसने अपने पहले ही प्रोफेशनल मैच में 11 विकेट, दूसरे मैच में 9 विकेट और तीसरे मैच में 10 विकेट… यानी केवल 3 मैचों में ही इस गेंदबाज ने 30 विकेट हासिल कर लिए। ऐसा धमाकेदार आगाज करने वाले खिलाड़ी का आज जन्मदिन है, लेकिन आप इस खिलाड़ी के नाम से अनजान ही होंगे।

पुतु चौथरी जिन्होंने पहले 3 मैचों में ही झटके थे 30 विकेट

ये खिलाड़ी है निरोदे रंजन पुतु चौधरी… अब आपको लगा होगा कि ऐसे किसी खिलाड़ी का नाम अपनी पूरी जिंदगी में नहीं सुना है। जी हां… आपने इस नाम को नहीं सुना होगा। जिनका आज यानी 23 मई को जन्मदिन है।

एक भारतीय गेंदबाज जिसने पहले 3 मैचों में ही झटके 30 विकेट, लेकिन फिर किया भारत को शर्मिंदा, जाने कौन है ये पुतु चौधरी 2

पुतु चौधरी का जन्म 23 मई 1923 को वर्तमान झारखंड और उस समय के बिहार में हुआ था। इस खिलाड़ी ने अपने प्रथम श्रेणी क्रिकेट की शुरुआत बिहार से की। लेकिन इसके बाद साल 1944 में उन्होंने बंगाल के लिए खेलना शुरू कर दिया। बंगाल के लिए कुछ ही समय खेलने के बाद फिर से बिहार की टीम में लौटे और अंत तक वहीं के लिए खेले।

बिहार और बंगाल के लिए खेले रणजी क्रिकेट

निरोदे रंजन पुतु चौधरी को याद इसलिए किया जाता है कि उन्होंने अपने पहले तीन प्रथम श्रेणी मैचों में 30 विकेट लेने में कामयाब रहे थे, लेकिन भारतीय क्रिकेट टीम से खेलने के दौरान उनके नाम बड़ा ही शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज है।

क्रिकेट

साल 1944-45 में उन्होंने बंगाल गर्वनर एकादश के खिलाफ हैट्रिक का कारनामा किया था। जिसमें भारत के लिए खेले 3 बड़े खिलाड़ी वीनू मांकड़, मुश्ताक अली और लाला अमरनाथ को आउट किया था। इसके बाद उन्हें भारतीय टीम में खेलने का भी मौका मिल गया।

भारत के लिए टेस्ट में दूसरा सबसे खराब गेंदबाजी औसत

पुतु चौधरी को भारत के लिए साल 1948-49 में खेलने का मौका मिला, जब उन्होंने टेस्ट करियर का आगाज किया। लेकिन उनके लिए इंटरनेशनल क्रिकेट काफी खराब रहा। वो 2 मैचों में केवल 1 ही विकेट ले सके। गेंदबाजी में उनका बेहद ही खराब औसत रहा और 205 की औसत दर्ज करायी। ये भारतीय क्रिकेट इतिहास में सुनील गावस्कर के 206 के औसत के बाद दूसरा सबसे खराब औसत रहा।

एक भारतीय गेंदबाज जिसने पहले 3 मैचों में ही झटके 30 विकेट, लेकिन फिर किया भारत को शर्मिंदा, जाने कौन है ये पुतु चौधरी 3

एवर्टन वीक्स को रनआउट करने के लिए किया जाता है याद

अपने पहले मैच में गेंदबाजी और बल्लेबाजी में तो कोई खास कमाल नहीं कर सके, लेकिन पुतु चौधरी को वेस्टइंडीज के दिग्गज बल्लेबाज एवटर्न वीक्स को रन आउट करने के लिए याद किया जाता है। वीक्स उस मैच में 90 रन पर बल्लेबाजी कर रहे थे। और उस मैच से पहले वो पारियों में शतक लगा चुके थे।

क्रिकेट मैच

इस पारी में 90 के स्कोर पर वीक्स ने गली की तरफ शॉट खेलकर रन के लिए भागे। वहां पर खड़े पुतु चौधरी ने तेजी के साथ गेंद पर आते हुए विकेटकीपर की तरफ थ्रो किया। वीक्स को उनके साथी खिलाड़ी ने वापस भेजा, लेकिन जब तक वीक्स पहुंचते तब तक विकेटकीपर प्रोबिर सेन ने बेल्स उड़ा दी और रन आउट कर लिया।

प्रथम श्रेणी क्रिकेट के 58 मैचों में पुतु ने 200 विकेट हासिल किए। उन्होंने 10 बार एक पारी में 5 विकेट हॉल करने का कमाल किया।