आईपीएल 2020

भारत में चीनी प्रोडक्ट्स के लगातार हो रहे विरोध के चलते बीसीसीआई ने वीवो के साथ चल रहे आईपीएल टाइटल स्पॉन्सरशिप के कॉन्ट्रैक्ट को स्थगित कर दिया है। लेकिन बोर्ड के पास प्रायोजकों की कमी नहीं है। अमेजन, जियो, बायजू, पतंजलि, अनअकेडमी जैसी तमाम बड़ी कंपनियां टाइटल को स्पॉन्सर करने की दौड़ में शामिल हैं। लेकिन सूत्रों की मानें, तो अनअकेडमी इस दौड़ में सबसे आगे निकल सकती है।

अनअकेडमी कर सकती है टाइटल को स्पॉन्सर

बीसीसीआई

वीवो के साथ बीसीसीआई ने आईपीएल 2020 के लिए टाइटल स्पॉन्सरशिप के लिए स्थगित कर दिया है। ऐसे में अब जल्द से जल्द बोर्ड को दूसरा टाइलट स्पॉन्सर चाहिए, क्योंकि लीग का आयोजन 19 सितंबर से है और फ्रेंचाइजियों को 20 अगस्त के बाद यूएई के लिए रवाना होना है।

अमेजन, जियो, बायजू, पतंजलि, अनअकेडमी जैसी कई बड़ी कंपनियां दाव लगा सकती हैं। लेकिन सूत्रों की मानें तो, इन सबमें पूर्ण रूप से भारत की कंपनी अनअकेडमी इस रेस में आग निकल रही है और वह आईपीएल 2020 में टाइलट स्पॉन्सर करने की प्रबल दावेदार है। पूरी तरह से भारतीय कंपनी होने के नाते अनअकेडमी एक अच्छी स्थिति में है। एक उद्योग पर नजर रखने वाले ने कहा,

आईपीएल टाइटल स्पॉन्सरशिप का वैल्यूएशन 150-200 करोड़ के बीच कुछ भी होगा और एजुकेशन प्लेटफॉर्म को सर्व करने के लिए पीरियड और टारगेट ऑडियंस को कुछ भी नहीं दिया जाएगा।

आईपीएल 2020 में अनअकेडमी कर सकती है टाइटल को स्पॉन्सर: REPORTS 1

जियो के साथ हो सकती है टक्कर

फेसबुक, जनरल अटलांटिक, सिकोइया इंडिया, एसएआईएफ पार्टनर्स, नेक्सस वेंचर पार्टनर्स, स्टीड्यूव कैपिटल और ब्ल्यू वेंचर्स जैसे प्रमुख निवेशकों द्वारा समर्थित पांच वर्षीय कंपनी, मार्केटिंग में अपना पहला बड़ा कदम उठा रही है और अधिक से अधिक हिस्सेदारी हासिल करने की इच्छुक है।

लेकिन कंपनी के लिए ये इतना आसान नहीं होने वाला है। उसे जियो की चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि जियो पहले से ही आईपीएल फ्रेंचाइजी मुंबई इंडियंस के मालिक हैं। ऐसे में वह हितों के टकराव में फंस सकती है।

सूत्रों का कहना है कि पतंजलि की बोली लगाने की संभावना नहीं है। वे सिर्फ लहर बनाकर मुफ्त प्रचार कर रहे हैं। कोक, उद्योग के विशेषज्ञों का मानना ​​है कि इस प्रायोजन को हासिल करने में बड़ी रकम लगानी होगी और अमेजॉन पहले से ही टेलीविजन स्लॉट पर बहुत खर्च कर चुके हैं, शीर्षक प्रायोजन के लिए प्रतिस्पर्धा नहीं करेंगे।

बीसीसीआई ने स्थगित किया वीवो के साथ कॉन्ट्रेक्ट

आईसीसी

मोबाइल निर्माता वीवो, एक चाइनीज कंपनी है और भारत में जून से ही चाइनीज उत्पादों का कड़ा विरोध चल रहा है। इसका कारण, जून में भारत-चीन के बीच गलवान वैली में हुई हिंसक लड़ाई है, जिसमें भारत के कर्नल समेत 20 भारतीय सेना के जवान शहीद हो गए थे।

इसके बाद से ही देश में चीनी उत्पादों का बहिष्कार शुरु हो गया। टाल-मटोल करने के बाद आखिर में बोर्ड को भी चाइनीज कंपनी वीवो के साथ अपने सौदे को स्थगित करना पड़ा। बताते चलें, आईपीएल 2020 के लिए ही बोर्ड ने स्पॉन्सरशिप को स्थगित किया है,लेकिन अगले साल से ये कॉन्ट्रैक्ट फिर से बहाल करने के रास्ते खुले हुए हैं।