सौरव गांगुली ने किया खुलासा इस वजह से सचिन तेंदुलकर कभी नहीं लेते थे स्ट्राइक 1

टीम इंडिया की सफल सलामी जोड़ियों में शुमार सचिन तेंदुलकर-सौरव गांगुली ने भारत के लिए तमाम बड़ी-बड़ी साझेदारियां की। लेकिन अब एक लाइव चैट के दौरान टीम इंडिया के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने कई मजेदार खुलासे किए। इसमें से एक रहा कि सचिन हमेशा ही उन्हें पहली गेंद खेलने के लिए कहते थे।

सचिन कभी नहीं खेलते थे पहली गेंद

सौरव गांगुली

भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली और सचिन तेंदुलकर ने 1996 में पहली बार साथ में ओपनिंग की और शानदार साझेदारी के साथ ऐलान कर दिया की उनकी जोड़ी भविष्य में सुपर डुपर हिट होने वाली है। मगर अब गांगुली ने अपने और सचिन की ओपनिंग को लेकर एक दिलचस्प खुलसा किया है। असल में ‘ओपन नेट्स विद मयंक’ में गांगुली से पूछा,

‘जब आप वनडे में पारी की शुरुआत करते थे, तो क्या सचिन पाजी आपको हमेशा पहली गेंद खेलने के लिए कहते थे?’

इसके जवाब में गांगुली ने कहा,

‘हमेशा। उन्होंने हमेशा ऐसा किया। उसके (सचिन) पास इसका जवाब भी होता था। मैं उन्हें कहता था कि कभी-कभार तुम भी पहली गेंद खेला करो। हमेशा मुझे ही पहली गेंद खेलने को कहते हो। उनके पास इसके दो जवाब होते थे।’

सचिन के पास तैयार रहते थे जवाब

सौरव गांगुली और सचिन तेंदुलकर ने साथ में साझेदारी करते हुए 7 हजार से अधिक रन बनाए। अब ओपनिंग के दौरान पहली गेंद से बचने के बहाने भी सचिन के पास तैयार होते थे। इस बारे में गांगुली ने बताया,

‘पहला जवाब होता था, ‘मुझे लगता है कि मैं अच्छी फॉर्म में हूं और मुझे नॉन-स्ट्राइकर पर ही रहना चाहिए।’ वहीं अगर फॉर्म अच्छा न हो तो उनका दूसरा जवाब होता था, ‘मुझे नॉन-स्ट्राइकर पर ही रहना चाहिए, इससे मुझ पर प्रेशर कम होता है।’ अच्छे या बुरे फॉर्म के लिए उनके पास एक ही जवाब होता था।’

आगे निकलकर नॉन स्ट्राइकर छोर पर पहुंचा

सौरव गांगुली

गांगुली ने आगे बताया कि किसी तरह से एक या दो बार उनसे आगे निकलकर नॉन-स्ट्राइकर छोर पर पहुंच जाते थे। जिसके चलते फिर एक या दो बार ही सही लेकिन सचिन को पहली गेंद ने सामना किया। दादा ने आगे बताया,

‘जब तक तुम उनसे आगे निकलकर नॉन-स्ट्राइकर पर खड़े नहीं हो जाओ, अब सचिन टीवी पर हैं और अब उन्हें पहली गेंद खेलनी पड़ेगी। ऐसा एक या दो बार हुआ है, मैं उनसे आगे निकलकर नॉन-स्ट्राइकर छोर पर खड़ा हो गया।’