शोएब-सानिया के बेटे जन्म लेते ही राजनीति चक्र में फंसे, नहीं मिलेगी

Trending News

Blog Post

क्रिकेट

शोएब-सानिया के बेटे जन्म लेते ही राजनीति चक्र में फंसे, क्या मिलेगी पाकिस्तान की नागरिकता 

शोएब-सानिया के बेटे जन्म लेते ही राजनीति चक्र में फंसे, क्या मिलेगी पाकिस्तान की नागरिकता

भारतीय टेनिस स्टार सानिया मिर्जा ने बुधवार की सुबह हैदराबाद में पुत्र को जन्म दिया.पाकिस्तानी क्रिकेटर शोएब मलिक और सानिया के बेटे का नाम इजान मिर्जा मलिक रखा है, लेकिन एक दिन के होते-होते इजान भारत-पाकिस्तान के राजनीति के चक्र में फंस गया. खबरों के मुताबिक शोएब के बेटे को पाकिस्तानी नागरिकता मिलनी मुश्किल नजर आ रही है.

पाकिस्तानी एजेंसी एफआईए के सूत्रों के मुताबिक एक भारतीय नागरिक को पाकिस्तान के पासपोर्ट और इमिग्रेशन के नियमों के अनुसार नागरिकता नहीं दी जा सकती.

पाकिस्तानी नागरिक भारत के अतिरिक्त अन्य किसी भी देश की दोहरी नागरिकता रख सकता है

नियमों के अनुसार कोई भी पाकिस्तानी नागरिक भारत के अतिरिक्त अन्य किसी भी देश की दोहरी नागरिकता रख सकता है. ऐसे में भारत में जन्म लेने की वजह इजान मिर्जा मलिक प्राकृतिक रूप से भारतीय नागरिक है. उनकी मां भी भारतीय नागरिक हैं सानिया ने शोएब से निकाह करने के बाद भारतीय नागरिकता नहीं छोड़ी थी.

शोएब-सानिया के बेटे जन्म लेते ही राजनीति चक्र में फंसे, क्या मिलेगी पाकिस्तान की नागरिकता 1

ये है नियम? 

7 जनवरी 2004 के बाद भारत में पैदा हुए किसी भी व्यक्ति को भारत का नागरिक माना जाता है, यदि उसके दोनों अभिभावक भारत के नागरिक हों अथवा यदि एक अभिभावक भारतीय हो और दूसरा अभिभावक उसके जन्म के समय पर गैर कानूनी अप्रवासी न हो, तो वह नागरिक भारतीय या विदेशी हो सकता है.

शोएब-सानिया के बेटे जन्म लेते ही राजनीति चक्र में फंसे, क्या मिलेगी पाकिस्तान की नागरिकता 2

भारत में हुआ सानिया के बेटे का जन्म 

3 दिसम्बर 2004 के बाद से, भारत के बाहर जन्मे व्यक्ति को भारत का नागरिक नहीं माना जाता है यदि जन्म के बाद एक साल की अवधि के भीतर उनके जन्म को भारतीय वाणिज्य दूतावास में पंजीकृत नहीं किया गया हो. कुछ विशेष परिस्थितियों में केन्द्र सरकार की अनुमति के द्वारा 1 साल की अवधि के बाद भी पंजीकरण किया जा सकता है.

शोएब-सानिया के बेटे जन्म लेते ही राजनीति चक्र में फंसे, क्या मिलेगी पाकिस्तान की नागरिकता 3

एक भारतीय वाणिज्य दूतावास में एक अवयस्क बच्चे के जन्म के पंजीकरण के लिए आवेदन देने के साथ अभिभावकों को लिखित में उपक्रम को यह बताना होता है कि इस बच्चे के पास किसी और देश का पासपोर्ट नहीं है.

अगर आपकों हमारा आर्टिकल पसंद आया, तो प्लीज इसे लाइक करें. अपने दोस्तों तक ये खबर सबसे पहले पहुंचाने के लिए शेयर करें. साथ ही अगर आप कोई सुझाव देना चाहते हैं, तो प्लीज कमेंट करें. अगर आपने अब तक हमारा पेज लाइक नहीं किया हैं, तो कृपया अभी लाइक करें, जिससे लेटेस्ट अपडेट हम आपकों जल्दी पहुंचा सकें.

Related posts

Leave a Reply