saurav ganguli
MUMBAI, INDIA - JULY 10: Cricket Advisory Committee (CAC) chief Sourav Ganguly during a press conference for Indian cricket team coach at BCCI head quarters, on July 10, 2017 in Mumbai, India. Ravi Shastri has been appointed as Indian cricket teams head coach. Zaheer Khan has been named the bowling coach while Rahul Dravid will serve as batting consultant for overseas Test tours. (Photo by Kunal Patil/Hindustan Times via Getty Images)

पूर्व सीनियर भारतीय कप्तान और बीसीसीआई के मौजूदा अध्यक्ष सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) ने आईपीएल 2021 (IPL 2021) से विदेशी खिलाड़ियों के नाम वापस लेने के सिलसिले में एक बड़ा बयान दिया है. दरअसल, गांगुली का ये बयान ऐसे समय में आया है जब 2 ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी जोश हेज़लवुड और मिचेल मार्श ने टूर्नामेंट के शुरु होने से पहले ठीक पहले अपना नाम वापस ले लिया है.

ज़ाहिर सी बात है पूरी दुनिया में कोरोना महामारी का कहर जारी है. इसी लिहाज़ से क्रिकेट के खेल में भी इस महामारी की वजह से काफ़ी बदलाव देखने को मिले हैं. लेकिन हाल ही में बीसीसीआई (BCCI) अध्यक्ष गांगुली (Sourav Ganguly) के बयान ने इस पूरे मसले को अब एक दूसरी दशा और दिशा दे दी है.

बीते कई दिनों बायोबबल में रहने को मजबूर हैं क्रिकेटर्स

Sourav Ganguly

कई देशों के क्रिकेट बोर्ड्स ने सीरीज़ और टूर्नामेंट्स के दौरान क्रिकेटर्स की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सख़्त बायोबबल प्रोटोकॉल तैयार किए हैं. जिसके बाद उस स्पेसिफ़िक टूर्नामेंट या सीरीज़ में खेलने वाले खिलाड़ियों को उन बायोबबल्स में रखा गया. इसके अलावा उन्हें एक सीमित क्षेत्र में ही घूमने फिरने की अनुमति दी गई और ज़्यादा लोगों से मिलने की भी उन्हें कोई इज़ाज़त नहीं दी गई.

कुछ विदेशी खिलाड़ियों का कहना है कि उनके मानसिक स्वास्थ्य के लिए बायोबबल बेहद मुश्किल चीज़ है. गौरतलब है कि आईपीएल 2020 (IPL 2020) के बाद से ही भारतीय टीम भी लगातार क्रिकेट खेल रही है. आईपीएल के बाद भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया का दौरा किया फिर उसके इंग्लैंड के खिलाफ़ तीन बड़ी घरेलू सीरीज़ खेली और उन्हें भी बायोबबल में ही रखा गया था.

मानसिक स्तर पर भारतीयों के मुक़ाबले काफ़ी कमजोर हैं विदेशी खिलाड़ी – सौरव गांगुली

सौरव गांगुली ने कहा इस मामले में विदेशी खिलाड़ियों से बेहतर हैं भारतीय 1

पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) ने आईपीएल 2021 के दौरान बायोबबलल के इसी पूरे मसले को लेकर दिए गए एक बयान में कहा कि,

“मैं इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज़  (West Indies)के कई खिलाड़ियों के साथ खेला हूँ, वो मानसिक स्वास्थ्य के स्तर पर बहुत जल्दी हार मान लेते हैं. मुझे लगता है कि इस मामले में मानसिक स्तर पर हम भारतीय ज़्यादा सहिष्णु (Tolerant) हैं.”

गौरतलब है कि बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) का ये बयान ऐसे वक़्त में बेहद अहम मायने रखता है जब उन्हीं देशों के खिलाड़ी लीग से नाम वापस ले रहे हैं जिनका नाम गांगुली ने लिया है.

कितने अहम मायने रखता है बीसीसीआई अध्यक्ष का ये बयान

सौरव गांगुली ने कहा इस मामले में विदेशी खिलाड़ियों से बेहतर हैं भारतीय 2

वैसे काफ़ी हद तक सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) के इस बयान को गलत भी नहीं ठहराया जा सकता क्योंकि जब से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट शुरु हुआ है तब से सभी देशों के क्रिकेटर्स को एक ही तरह के नियम से गुज़रना पड़ रहा है. ऐसे में ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड (England) के खिलाड़ियों अतिसंवेदनशीलता दिखाना क्रिकेट एक्सपर्ट्स की समझ से परे हैं.

Umesh Sharma

Everything under the sun can be expressed in written form. So, I am practicing the same since the time I hold my consciousness and came to know pen and paper. Apart from being Writer, Journalist or...