"चेतेश्वर पुजारा एक बहाना है असली निशाना अजिंक्य रहाणे को टीम से निकालना है" 1

भारतीय टीम में आज कल सब कुछ सही चल रहा है यह कहना कहा तक सही है ये तो नहीं पता लेकिन हाल के ही सुनील गावस्कर के एक इंटरव्यू से ऐसा लग रहा है की सब सही नहीं है. सुनील गावस्कर ने एक इंटरव्यू में अजिंक्य रहाणे को लेकर बड़ी बात कही है. उन्होने कहा टीम में अजिंक्य रहाणे को बाहर निकलने को लेकर एक अभियान चलाया जा रहा है.

पिछले 6 महीने में शानदार प्रदर्शन

"चेतेश्वर पुजारा एक बहाना है असली निशाना अजिंक्य रहाणे को टीम से निकालना है" 2

लिटिल मास्टर गावस्कर ने टाइम्स ऑफ़ इंडिया को इंटरव्यू दिया जिसमे उन्होंने कहा कि इंग्लैंड के खिलाफ हो रहे सीरीज में पुजारा और रहाणे पर दबाव होगा. टीम में उनकी जगह खतरे में है जो कि गलत है. दोनों ने  सालो से भारतीय क्रिकेट की सेवा कर रहे हैं, दोनों जी जान से लगे हुए हैं. बीते 6 महीने में दोनों खिलाड़ियों का प्रदर्शन शानदार रहा है. मुझे लगता है कि रहाणे और पुजारा के खिलाफ टीम से बाहर करने के लिए एक तरह का अभियान चलाया जा रहा है.

असली टारगेट रहाणे

"चेतेश्वर पुजारा एक बहाना है असली निशाना अजिंक्य रहाणे को टीम से निकालना है" 3

पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने आगे कहा कि,

“मुझे बताएं कि पिछले 6-8 महीनों में किसने लगातार रन बनाए हैं. असली निशाना रहाणे हैं. पुजारा का नाम इस विवाद में इसलिए लाया गया. ताकि दुनिया को यह न लगे कि रहाणे पर ही निशाना साधा जा रहा है. गावस्कर का मानना है कि पुजारा को सिर्फ मोहरे के तौर पर इस्तेमाल किया गया है, जबकि असली टारगेट रहाणे हैं. मैं ऐसा सोचने वाले सभी लोगों से कहूंगा कि रहाणे को एक पूंजी के रूप में देखें न कि खतरा समझें. लेकिन हो, उल्टा रहा है. आप जानते हैं कि मेरे कहने का क्या मतलब है?.”

गावस्कर ने आगे कहा कि,

“उन्होंने (रहाणे) भारत के पिछले ऑस्ट्रेलिय़ा दौरे पर हुए एडिलेड टेस्ट में 36 रन पर ऑलआउट होने के ठीक बाद शतक लगाया. उन्होंने ब्रिसबेन में भारत की ऐतिहासिक टेस्ट जीत में लक्ष्य का पीछा करने में भी अहम भूमिका निभाई थी. उन्होंने उन पिचों पर अर्धशतक लगाया, जहां इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में गेंद टर्न कर रही थी. डब्ल्यूटीसी फाइनल की पहली पारी में भी रहाणे भारत की तरफ से सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज थे. इसके बावजूद अचानक से इन दोनों पर सवाल उठने लगे हैं. इसके पीछे का क्या मकसद है, इस पर गौर करने की जरूरत है.”