Sunil Gavaskar Slams Abrar Ahmed Signing: इंग्लैंड के प्रमुख टूर्नामेंट मेंस द हंड्रेड 2026 के ऑक्शन में सन ग्रुप के मालिकाना हक़ वाली सनराइजर्स लीड्स के द्वारा पाकिस्तानी स्पिनर अबरार अहमद को खरीदे जाने के बाद से बवाल मचा हुआ है। सोशल मीडिया पर फैंस ने सनराइजर्स फ्रेंचाइजी को जमकर लताड़ लगाई, साथ ही सह-मालकिन काव्या मारन को भी खरी-खोटी सुनाई।
अब इस मामले पर पूर्व भारतीय बल्लेबाज सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है और उन्होंने सनराइजर्स लीड्स के द्वारा अबरार अहमद को खरीदे जाने की तुलना आतंकवादियों को मदद करने से कर दी है।
अबरार अहमद को खरीदने पर सनराइजर्स लीड्स पर सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) भड़के

12 मार्च को मेंस द हंड्रेड के आगामी सीजन का ऑक्शन आयोजित हुआ। इस ऑक्शन से पहले रिपोर्ट्स थीं कि आईपीएल मालिकाना हक़ वाली फ्रेंचाइजी पाकिस्तानी खिलाड़ियों पर बोली नहीं लगाएंगी। हालांकि, बाद में ईसीबी ने रिपोर्ट्स को बेबुनियाद बताया और उन्होंने कहा कि ऐसा बिल्कुल भी नहीं होगा और सभी खिलाड़ी एकसमान ट्रीट किए जाएंगे।
ऑक्शन के दौरान पाकिस्तान के कई बड़े खिलाड़ी अनसोल्ड रहे, जिसमें तेज गेंदबाज शाहीन शाह अफरीदी का नाम भी शामिल है। हालांकि, फिर स्पिनर उस्मान तारिक को बर्मिंघम फीनिक्स ने खरीदा लेकिन इस टीम का मालिकाना हक़ किसी भी आईपीएल फ्रेंचाइजी के मालिक के पास नहीं था। लेकिन विवाद तब शुरू हो गया, जब SRH के मालिकाना हक़ वाली सनराइजर्स लीड्स ने अबरार अहमद पर दांव लगाया और उन्हें 190,000 पाउंड (2.34 करोड़) में खरीदा। इसके बाद, भारतीय फैंस का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया और सनराइजर्स फ्रेंचाइजी के साथ-साथ काव्या मारन पर भी निशाना साधा।
अब सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) ने अभी सनराइजर्स लीड्स द्वारा अबरार अहमद को खरीदे जाने पर नाराजगी जताई है। पूर्व कप्तान ने कहा कि भारतीय स्वामित्व वाली फ्रेंचाइजी को पाकिस्तानी खिलाड़ियों को साइन करने से बचना चाहिए, क्योंकि इस तरह के भुगतान अप्रत्यक्ष रूप से भारत के खिलाफ नुकसान पहुंचाने में योगदान दे सकते हैं।
सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) ने SRH द्वारा अबरार अहमद की साइनिंग पर दी कड़ी प्रतिक्रिया
द हंड्रेड में अबरार अहमद को SRH फ्रेंचाइजी द्वारा खरीदे जाने को लेकर सुनील गावस्कर ने(Sunil Gavaskar) कहा कि यह अप्रत्यक्ष रूप से पाकिस्तान की मदद करना है, क्योंकि खिलाड़ी अपने देश में टैक्स भरेगा और यह राशि पाकिस्तान सरकार को जाएगी, जिसका इस्तेमाल फिर हथियार खरीदने के लिए किया जाएगा, परिणामस्वरूप भारतीयों की मौत होगी।
गावस्कर ने मिड-डे के लिए एक कॉलम में लिखा,
“द हंड्रेड में एक भारतीय फ्रेंचाइजी के मालिक द्वारा पाकिस्तानी खिलाड़ी को टीम में शामिल करने पर मचे बवाल में कोई हैरानी की बात नहीं है। नवंबर 2008 में मुंबई हमलों के बाद से, भारतीय फ्रेंचाइजी मालिकों ने आईपीएल के लिए पाकिस्तानी खिलाड़ियों को पूरी तरह से नजरअंदाज कर दिया है। हालांकि देर से ही सही, लेकिन इस बात का एहसास कि पाकिस्तानी खिलाड़ी को दी जाने वाली फीस, जो बदले में अपनी सरकार को आयकर देता है और जिससे हथियार खरीदे जाते हैं, अप्रत्यक्ष रूप से भारतीय सैनिकों और नागरिकों की मौत में योगदान देती है, अब भारतीय संस्थाओं को पाकिस्तानी कलाकारों और खिलाड़ियों को टीम में शामिल करने पर विचार करने से भी रोक रहा है।”
गावस्कर ने आगे लिखा,
“चाहे भुगतान करने वाली संस्था भारतीय हो या उसकी विदेशी सहायक कंपनी, अगर मालिक भारतीय है तो वह भारतीय खिलाड़ियों की जान की हानि में योगदान दे रहा है। बात इतनी ही सरल है। न्यूजीलैंड के रहने वाले डेनियल वेटोरी, जो ‘द हंड्रेड’ टूर्नामेंट में टीम के कोच हैं, शायद इस सरल तथ्य को नहीं समझते और इसलिए अपनी टीम में कुछ पाकिस्तानी खिलाड़ी चाहते होंगे, लेकिन मालिक को स्थिति को समझना चाहिए था और इस खरीद को रोकना चाहिए था। क्या किसी ऐसे प्रारूप में टूर्नामेंट जीतना, जिसमें कोई अन्य देश नहीं खेलता, भारतीय खिलाड़ियों की जान से ज्यादा महत्वपूर्ण है?”
FAQs
द हंड्रेड के ऑक्शन में अबरार अहमद को सनराइजर्स लीड्स ने कितने में खरीदा?
यह भी पढ़ें: आकाश चोपड़ा ने विराट कोहली को बताया सबसे नीचे, आईपीएल रैंकिंग में रोहित-धोनी को दी टॉप जगह