कोलकाता के ईडन गार्डन्स में खेले गए इस मुकाबले में भारत को 196 रन का लक्ष्य मिला था। दबाव भरे हालात में संजू सैमसन (Sanju Samson) ने 50 गेंदों पर नाबाद 97 रन बनाकर टीम को जीत दिलाई। हालांकि विनिंग रन के बाद उनका हेलमेट हवा में उछालना अब आईसीसी के नियमों के संदर्भ में चर्चा का विषय बन गया है।
दबाव में खेली Sanju Samson ने मैच जिताऊ पारी
भारत के सामने बड़ा लक्ष्य था और शीर्ष क्रम लड़खड़ा चुका था। ऐसे में संजू सैमसन (Sanju Samson) ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन दिखाया। उन्होंने न सिर्फ स्ट्राइक रोटेट की बल्कि जरूरत पड़ने पर बड़े शॉट्स भी लगाए।
आखिरी ओवरों में जब मैच किसी भी दिशा में जा सकता था, तब सैमसन ने अनुभव का परिचय देते हुए टीम को जीत दिलाई। उनकी यह पारी सिर्फ आंकड़ों के लिहाज से नहीं, बल्कि मैच के संदर्भ में भी बेहद महत्वपूर्ण रही। इस प्रदर्शन के बाद उनका जश्न स्वाभाविक था, लेकिन उसी जश्न ने अब नियमों पर बहस छेड़ दी है।
क्या हेलमेट फेंकना नियमों का उल्लंघन है ?
इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी ICC के कोड ऑफ कंडक्ट में खिलाड़ियों के मैदान पर व्यवहार को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए हैं। नियमों के अनुसार क्रिकेट उपकरणों का अनुचित या खतरनाक तरीके से इस्तेमाल करना ‘अनुचित आचरण’ की श्रेणी में आ सकता है।
अगर मैच रेफरी को लगता है कि खिलाड़ी का व्यवहार खेल की भावना के खिलाफ है, तो उसे लेवल 1 अपराध माना जा सकता है। हेलमेट को जोर से फेंकना लापरवाही या असावधानी की श्रेणी में गिना जा सकता है, खासकर अगर उससे किसी को नुकसान पहुंचने की आशंका हो।
लेवल 1 अपराध में क्या होती है सजा
ICC के नियमों के तहत लेवल 1 का उल्लंघन अपेक्षाकृत कम गंभीर माना जाता है, लेकिन इसके लिए भी सजा का प्रावधान है। मैच रेफरी खिलाड़ी को आधिकारिक फटकार लगा सकता है। इसके अलावा मैच फीस का 50 प्रतिशत तक जुर्माना या एक से दो डिमेरिट अंक दिए जा सकते हैं।
हालांकि हर मामले में परिस्थितियों को ध्यान में रखा जाता है। अगर यह साबित हो कि खिलाड़ी का उद्देश्य किसी को नुकसान पहुंचाना नहीं था और यह सिर्फ भावनात्मक प्रतिक्रिया थी, तो सख्त कार्रवाई की संभावना कम हो सकती है। अंतिम निर्णय पूरी तरह मैच रेफरी के ऊपर निर्भर करता है।
पहले भी आ चुके हैं ऐसे मामले
क्रिकेट में यह पहली बार नहीं है जब किसी खिलाड़ी के जश्न पर सवाल उठे हों। इंडियन प्रीमियर लीग में लखनऊ सुपर जायंट्स के आवेश खान ने मैच जीतने के बाद हेलमेट जमीन पर पटक दिया था, जिसके बाद उन्हें चेतावनी दी गई थी। ऐसे उदाहरण बताते हैं कि ICC और अन्य क्रिकेट बोर्ड मैदान पर अनुशासन को लेकर संवेदनशील हैं।
संजू सैमसन (Sanju Samson) के मामले में भी यही देखा जाएगा कि उनका व्यवहार कितनी हद तक नियमों के दायरे में आता है। फिलहाल कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन भारत के लिए राहत की बात यह है कि टीम सेमीफाइनल में पहुंच चुकी है और अगला मुकाबला इंग्लैंड के खिलाफ होना है।
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